जब फाइनल का दबाव अपने चरम पर था, तब विराट कोहली ने अनुभव और धैर्य का शानदार प्रदर्शन किया। उन्होंने नाबाद 75 रन की पारी खेलकर टीम को जीत की मंजिल तक पहुंचाया। कोहली ने शुरुआत से अंत तक पारी को संभाले रखा और यह दिखाया कि बड़े मुकाबलों में उनका कद क्यों सबसे अलग है।