भुवनेश्वर। ओडिशा के मयूरभंज जिले से भीड़ हिंसा की एक बेहद शर्मनाक घटना सामने आई है। यहां एक युवक को कथित तौर पर पेड़ से बांधकर बेरहमी से पीटा गया, जबकि उसे बचाने पहुंची उसकी आठ माह की गर्भवती पत्नी को भी भीड़ ने नहीं छोड़ा।
जानकारी के अनुसार, कप्तीपदा थाना क्षेत्र के बाघियागड़ी गांव निवासी सिपुन मलिक अपने घर पर मौजूद थे। आरोप है कि 30 से अधिक लोग उनके घर पहुंचे और उन्हें जबरन बाहर निकालकर एक पेड़ से बांध दिया। इसके बाद लाठी-डंडों से उनकी जमकर पिटाई की गई, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गए।
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, जब सिपुन की गर्भवती पत्नी अपने पति को बचाने के लिए आगे आई तो भीड़ ने उसके साथ भी मारपीट की। घटना के बाद इलाके में आक्रोश फैल गया।
स्थानीय लोगों का कहना है कि सिपुन राज्य के बाहर काम करते हैं और गांव के कुछ युवक भी उनके साथ काम कर चुके हैं। हाल ही में सभी लोग रज पर्व के मौके पर गांव लौटे थे। इसी दौरान पुराने आर्थिक लेन-देन को लेकर विवाद बढ़ गया, जो हिंसा में बदल गया।
सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और घायल दंपती को भीड़ के कब्जे से छुड़ाकर अस्पताल पहुंचाया। दोनों का इलाज जारी है।
पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि घटना में शामिल आरोपियों की पहचान की जा रही है और जल्द ही कानूनी कार्रवाई की जाएगी।