भोपाल जीआरपी ने 11 साल से फरार चल रहे कुख्यात सांसी गैंग के सदस्य सत्यभान सांसी उर्फ सत्यभान को गिरफ्तार कर बड़ी सफलता हासिल की है। आरोपी को असम की गुवाहाटी सेंट्रल जेल से प्रोडक्शन वारंट पर भोपाल लाया गया। उसके खिलाफ देशभर में 15 गिरफ्तारी और स्थायी वारंट लंबित थे, जिनमें 13 भोपाल जीआरपी और दो इटारसी जीआरपी के थे। उस पर 54 हजार रुपये का इनाम भी घोषित था।
पुलिस के मुताबिक सत्यभान हरियाणा के भिवानी जिले का रहने वाला है और सांसी गैंग का सक्रिय सदस्य रहा है। यह गिरोह ट्रेनों के जनरल और स्लीपर कोच में सफर करने वाले यात्रियों को निशाना बनाता था। आरोपी और उसके साथी ब्लेड या चाकू से बैग और ट्रॉली बैग काटकर नकदी, जेवर और अन्य कीमती सामान चोरी कर फरार हो जाते थे।
जांच में सामने आया कि गिरोह ने मध्य प्रदेश, राजस्थान, उत्तर प्रदेश, हरियाणा, पंजाब और असम सहित कई राज्यों में इस तरह की चोरी की वारदातों को अंजाम दिया था। लंबे समय से फरार चल रहे आरोपी की तलाश में पुलिस ने हरियाणा के कई ठिकानों पर छापेमारी की, लेकिन वह हर बार बच निकलता था।
बाद में साइबर सेल की मदद से आरोपी के मोबाइल नंबर की निगरानी की गई। जांच के दौरान उसकी आखिरी लोकेशन असम के गुवाहाटी में मिली। इसके बाद पुलिस ने स्थानीय अधिकारियों से संपर्क किया और पता चला कि वह एक अन्य मामले में गिरफ्तार होकर गुवाहाटी सेंट्रल जेल में बंद है।
भोपाल अदालत से प्रोडक्शन वारंट जारी होने के बाद आरोपी को भोपाल लाया गया, जहां उसके खिलाफ लंबित सभी मामलों में कार्रवाई शुरू कर दी गई है। जीआरपी अब उससे सांसी गैंग के अन्य सदस्यों, उनके नेटवर्क और विभिन्न राज्यों में हुई चोरी की वारदातों के बारे में पूछताछ कर रही है।